मैत्री स्टेयशन का स्थारनापन्न

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बारहवीं योजना अवधि के दौरान, आधुनिक ऊर्जा संरक्षण प्रणालियों अर्थात पवन ऊर्जा और सौर ऊर्जा के माध्‍यम से सीएचपी यूनिटें और एकीकृत ऊर्जा उत्पादन, पर्यावरण प्रोटोकॉल का निर्वाह करते हुए उपचारित पानी का दोबारा उपयोग करने में सक्षम अपशिष्ट जल उपचार और निपटान प्रणाली के उपयुक्‍त पुन: डिजाइन के माध्‍यम से अपशिष्ट संरक्षण और अपशिष्‍ट निपटान कार्यनीति, अलग आवासीय इकाइयों के रूप में कार्यरत आवश्‍यक सुविधाओं के साथ ग्रीष्म कैम्‍प मॉड्यूलस का एकीकरण और निकट भविष्‍य में अप्रत्‍याशित गतिविधियों के लिए अतिरिक्‍त कमरों और सुविधाओं के लिए प्रावधान को रखने के साथ साथ प्रयोगशाला सुविधाओं को अद्यतन करते हुए, मैत्री स्‍टेशन को पुनर्निमित किए जाने का प्रस्‍ताव है।

क) उद्देश्‍य :

1988-89 में बनाए गए मैत्री स्टेशन को कठोर अंटार्कटिक मौसम पर विचार करते हुए दस वर्षों के कार्यकाल के लिए बनाया गया था। स्टेशन अपने अनुमानित कार्यकाल से दो गुना अधिक कार्यकाल बिता चुका है। स्टेशन की स्थिति अध्ययन करने के लिए एसईआरसी-सीएसआईआर और ईआईएल से एक दो सदस्य विशेषज्ञ दल को प्रतिनियुक्त किया था जिसने स्टेशन के संरचनात्मक स्तंभ की कमजोरी की ओर संकेत किया गया जिस पर यह खड़़ा है।

चूंकि मैत्री अंटार्कटिका के अंदरूनी पहाड़ों के लिए प्रवेश द्वार है, और इसमें महत्वपूर्ण वेधशालाएं है जिनमें महत्वपूर्ण मौसम, भूभौतिकीय और भूवैज्ञानिक डेटा संग्रह को एकत्रित करने, जारी रखना, अंटार्कटिका में भारत के वैज्ञानिक लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए इसकी निरंतरता के लिए जरूरी है।

अत: पर्यावरण की दृष्टि से अनुकूल और अंटार्कटिक प्रोटोकॉल को पूरा करने वाले स्‍थान पर एक अधिक अनुकूल स्टेशन का पुनर्निर्माण प्रस्तावित है।

ख) प्रतिभागी संस्‍थाएं :

राष्ट्रीय अंटार्कटिक और समुद्री अनुसंधान केन्द्र, गोवा

ग)  कार्यान्‍वयन योजना :

  1. साइट सर्वेक्षण, लेवलिंग, एप्रोच सड़कें। (2012-13)
  2. वैचारिक डिजाइन को अंतिम रूप देने के लिए सलाहकार वास्तुकार का चयन,  सीईई की तैयारी (2013-14)
  3. निविदा और निर्माण एजेंसी की पहचान; मशीनरी और उपकरणों की खरीद; पूर्व निर्माण गतिविधियां (2014-15)
  4. मशीनरी और निर्माण उपकरण और निर्माण की शुरूआत की गतिविधियां (2015-16)
  5. निर्माण और कमीशन (2016-17)

घ) वितरण योग्‍य :

पूरा हो जाने पर, इस स्टेशन में 25 लोग शीत ऋतु में और गर्मियों में इतनी संख्या में वैज्ञानिक एक पर्यावरण अनुकूल वातावरण में अनुसंधान का संचालन कर सकेंगे। आधुनिक हरित स्टेशन ऊर्जा के संरक्षण और पवन और सौर साधन के अतिरिक्त वैकल्पिक स्रोतों के उपयोग से कार्बन फुट प्रिंट को कम करने और ईंधन की खपत को बचाने में सक्षम होगा।

आधुनिक अपशिष्‍ट निपटान प्रणाली से वर्तमान प्रतिकूल प्रक्रिया में आने वाली समस्याओं को दूर किया जाएगा, जहां पीने के पानी के स्रोत में अपशिष्‍ट जल मिल जाता है। सीएचपी तकनीक जीवन निर्वाह का और ज्यादा बेहतर माहौल बनाएगी और यह अंटार्कटिका में अन्य स्टेशनों के अनुरूप होगी।

ङ) बजट की आवश्‍यकता : 520 करोड़ रुपए

(करोड़ रु. में)

बजट आवश्‍यकता
योजना का नाम 2012-13 2013-14 2014-15 2015-16 2016-17 कुल
मैत्री स्टेशन का प्रतिस्थापन 30.00 100.00 160.00 130.00 30.00 450.00

 

Last Updated On 06/19/2015 - 10:38
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